हिंदू धर्म में भगवान शिव की पूजा सभी दुखों को दूर करके सुख-सौभाग्य को बढ़ाने वाली मानी गई है. सनातन परंपरा में शिव कल्याण के देवता माने जाते हैं, जो सिर्फ जल और पत्र चढ़ाने मात्र से प्रसन्न हो जाते हैं.
भगवान शिव की पूजा आप कभी भी कर सकते हैं लेकिन इसका महत्व तब और बढ़ जाता है जब आप फाल्गुन मास के कृष्णपक्ष की चतुर्दशी तिथि यानि महाशिवरात्रि पर करते हैं. महाशिवरात्रि पर किस शिवलिंग की पूजा सबसे उत्तम मानी गई है? किस शिवलिंग का अभिषेक करने पर क्या फल मिलता है? आइए इसे विस्तार से जानते हैं.
शिवलिंग पूजा के लाभ
- हिंदू धर्म में पारद शिवलिंग की पूजा का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है. मान्यता है कि पारद शिवलिंग की पूजा सभी सुखों को दिलाने और कामनाओं को पूरा करने वाली होती है. हिंदू मान्यता के अनुसार यह भगवान शिव का स्वरूप होता है, जिसकी महाशिवरात्रि की पूजा करने पर साधक के सभी पाप और दोष दूर होते हैं.
- पारद शिवलिंग की तरह स्फटिक के शिवलिंग की पूजा भी अत्यंत ही शुभ और फलदायी मानी गई है. हिंदू मान्यता के अनुसार स्फटिक से बने शिवलिंग की पूजा और अभिषेक करने पर सुख-संपत्ति और बड़ी मनोकामनाएं पूरी होती हैं.




